परिचय - नवीन सी. चतुर्वेदी

परिचय – नवीन सी. चतुर्वेदी

Tuesday, 9 June 2026

रंग बरसाती विविधरंगी मनीषा को नमन

 रंग बरसाती विविधरंगी मनीषा को नमन
व्यक्ति का व्यक्तित्त्व विकसाती मनीषा को नमन
 
वीर माता अंजनी जैसी मनीषा को नमन
शेष माता रोहिणी जैसी मनीषा को नमन 
 
लोकहित के हेतु जंघा पर सहर्ष आसित हुईं
युग सनेही पार्वती जैसी मनीषा को नमन
 
प्रेम के पर्याय को जन कर भी जो प्यासी रही
उस अनन्या देवकी जैसी मनीषा को नमन
 
नाथ का सम्बल बनी सन्तान का भी बल बनी
ऐसी उद्भट जानकी जैसी मनीषा को नमन
 
नाथ के सम्मान के हित साथ छोड़ा तात का
दक्ष की पुत्री सती जैसी मनीषा को नमन
 
जिसके प्रश्नों से सुसज्जित ब्रह्मदारण्यक हुआ
ऐसी विदुषी गारगी जैसी मनीषा को नमन
 
न्याय वर्गोत्तम किया प्रतिकार अत्युत्तम किया
ऐसी मण्डन-मोहिनी जैसी मनीषा को नमन
 
मनीषा बुद्धि, सोच; मण्डन मोहिनी मण्डन मिश्र की पत्नी जिन्होंने जगद्गुरु शंकराचार्य जी से वार्तालाप किया था उन के लिए प्रयुक्त सम्बोधन

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