कर्मवीरों के प्रयासों को डिगा सकते नहीं
शब्द-सन्धानी
पहाड़ों को हिला सकते नहीं
अस्मिता का अर्थ बस उपलब्धि
हो जिनके लिए
इस तरह के झुण्ड निज-गौरव बचा सकते नहीं
गुप्त-गाथाएँ
पढ़ीं तो दग्ध-अन्तस ने कहा
अन्धकारों के रसिक दीपक जला सकते नहीं
अन्ततोगत्वा दशानन हारता है
राम से
शान्ति-हन्ता शान्ति-दूतों को हरा सकते नहीं
हम प्रलोभन के लिये उतरे
नहीं संग्राम में
मातु श्री जगदम्ब का मस्तक झुका सकते नहीं
जल-प्रपातों
की कलाएँ सीखना अनिवार्य है
अन्यथा हम प्रेम की गंगा बहा सकते नहीं
इस तरह के झुण्ड निज-गौरव बचा सकते नहीं
अन्धकारों के रसिक दीपक जला सकते नहीं
शान्ति-हन्ता शान्ति-दूतों को हरा सकते नहीं
मातु श्री जगदम्ब का मस्तक झुका सकते नहीं
अन्यथा हम प्रेम की गंगा बहा सकते नहीं
No comments:
Post a Comment